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एसिडिटी का परमानेंट इलाज करने के लिए क्या करना चाहिए ? ( Home Remedies for Acidity )

आज कल के lifestyle मैं बच्चो से लेके युवाओ तक हर किसी को एसिडिटी की problem हो रही है. लेकिन, कोई भी इसपर ठिक से ध्यान नहीं दे रहा. अगर एसिडिटी हद से बहुत बढ़ गयी तो, बहुत सारी बिमारिओं का जन्म हो सकता है. ये बहुत ही ज्यादा हानिकारक है. जब किसी को एसिडिटी की शिकायत होती है. तब उसे बहुत सारी परेशानी से गुजरना पड़ता है. उसे भूक भी लगी तो, ओ ठीक से नहीं खा सकता. पेट भरा भरा लगता है. किसी काम मैं मन भी नहीं लगता. खट्टे डकार भी आते है. जिसकी वजह से ऑफिस मैं embarrance जैसे फील होता है. और बहुत से हमारे युवा इसे अनदेखा करते है. और बाद में एसिडिटी हद से ज्यादा बढ़ गयी तो, डॉक्टर के पास जाते है. और तब समजता है.  की, एक दूसरी बीमारी का जन्म हुआ है. हमारे पेट मैं ह्य्द्रोक्लोरिक एसिड मोजूद होता है. वह हमरे पाचन तंत्र को अच्छा करने मैं मदत करता है. but अगर इस एसिड content की quantity ज्यादा हो गई तो, यह गैस्ट्रो इसोफेगल डिजीज मैं बदल जाती है.  

दोस्तों, बीमारिओं का जन्म पेट से चालू होता है. इसीलिए, इस समस्या का समाधान करने के लिए क्या करना चाहिए के टीम ने एसिडिटी का तुरंत इलाज कैसे किया जाये. इसपर ये content निर्भर है.

अगर आपको गैस और कब्ज की समस्या है. तो ( गैस और कब्ज से छुटकारा पाने के लिए क्या करना चाहिए? ( Home Remedies for Constipation ) इस पर क्लिक करे. और आपकी समस्या समाधान करक उत्तर पढ़ लीजिये.

इस content हम निचे दिए गए आपके सारे प्रश्न का उत्तर सही से निवारण करेंगे.

प्रश्न:

  • एसिडिटी मैं क्या क्या नहीं खाना चाहिए?
  • एसिडिटी के लिए क्या करे ?
  • एसिडिटी का दर्द कहा होता है?
  • शरीर मैं एसिड बने तो क्या करे?
  • एसिडिटी को जड़ से ख़त्म करने के घरेलु उपाय.
  • गले मैं एसिडिटी का इलाज.

एसिडिटी मतलब शरीर मैं क्या होता है?

एसिडिटी का तुरंत इलाज

जब हम खाना खाते है. पेट मैं खाना जाकर डाइजेस्ट होता है. और उस खाने का रस बनता है. but, कभी कभी हमारा पाचन तंत्र ख़राब होता है. तो, उस अन्न का रस ना बनकर एल अमली पदार्थ बनता है. उसका taste खट्टा होता है. उसे ही एसिडिटी कहते है. हलाकि, खाने को पचाने के लिए थोडा बहुत एसिड ( अमली पदार्थ ) होता है. but, उसकी quantity बढती है. तब ओ एसिडिटी मैं बदल जाती है. पित्त बढ़ने से कारण एसिडिटी होती है.

बहुत ज्यादा खाना खाने से और पेट में पहले से ही खाना पड़ा है. और फिर भी उपर से नया खाना खा लेना. इससे, खाना अन्ननालिके तक आ जाता है. इससे एसिडिटी का दर्द छाती मैं होती है. और वही खट्टा अमली पदार्थ गले तक आता  है. इसलिए गले मैं एसिडिटी हो रही है. ऐसे फील होता. खान पान बहुत ही ज्यादा matter करता है. so एसिडिटी मैं क्या खाना नहीं चाहिए यही इस आर्टिकल मैं सीखना है.

एसिडिटी का कारण: ( Causes of Acidity )

  • बार बार खाना खाते रहना. और खाना खाते ही सो जाना.
  • junk food रोज खाना.
  • पानी कम पीना.
  • खट्टे, नमकीन, oily, अमली पदार्थो का सेवन ज्यादा करना.
  • दारू, सिगरेट, ड्रग्स जसी पदार्थो का सेवन करना.
  • बहुत देर तक भूके रहने से भी एसिडिटी होती है.
  • अच्छी नींद न लेना.
  • पहले खाया हुआ खाना पहले से ही पेट मैं है. फिर भी खाना खा लेना.
  • अगर किसी सब्जी पे रासायनिक केमिकल बहुत मात्र मैं है. जो शेतकरी फसल उगते time use करते है. उस तरह की सब्जी खाने मैं हो तो, एसिडिटी होने के chances होते है.
  • depression की वजह से भी एसिडिटी होने के chances होते है.
  • रात को जल्दी न सोने से भी एसिडिटी हो जाती है.

एसिडिटी के लक्षण: ( Symptoms of Acidity )

  • छाती मैं जलन होना.
  • पेट भरा भरा सा लगना.
  • डकार देना.
  • मुह से बांस आना.
  • सिर और पेट मैं दर्द होना.
  • गले मैं अमली पदार्थ होने जैसे feel होना.
  • उलटी आने जैसे feel होना.
  • इमुनिटी कम हो गई है. ऐसा फील होना.

एसिडिटी के लिए घरेलु उपाय: ( Home Remedies for Acidity in Hindi )

एसिडिटी के लिए घरेलु उपाय
  1. ठंडे दूध मैं मिश्री मिलाकर पिने से एसिडिटी कम होती है.
  2. जीरा और अजवाइन का मिश्रण पानी मिलाकर पिने से भी एसिडिटी से राहत मिलती है.
  3. खाना खाने के बाद सौफ खाने से भी एसिडिटी से तुरंत रहत मिलती है.
  4. दालचीनी का सेवन करने से हमारी digestive system अच्छी होती है. so एसिडिटी न होने के chances होते है.
  5. नारियल का पानी पिने से एसिडिटी से मिलती है राहत.
  6. खाने के बाद आप अगर गुलकंद पण खायेंगे. तो भी अची तरह digestion होगा. और एसिडिटी से मिल जाएगी राहत.
  7. पपीता का सेवन अगर ब्रेकफास्ट मैं करते हो तो भी मिल जाएगी राहत.
  8. गिलोय का जूस पिने से भी एसिडिटी कम हो जाती है.

एसिडिटी होने पर क्या खाए ( your diet during acidity):

एसिडिटी होने पर क्या खाना चाहिए

एसिडिटी होने पर ऐसा diet plan होना चाहये.  

  • खाने मैं फाइबर युक्त पदार्थ होने चाहिए. जैसे की चावल, गेहू, जवार.
  • मुंग दाल होनी चाहिए.
  • फहल और सब्जी मैं लौकी, करेला, कद्दू, परवल और सीजन के हिसाब से फल होने चाहिये. पपीता, सेफ, पके हुए केले etc.

एसिडिटी होने पर क्या ना खाए ( food to avoid in acidity )

  1. बेसन और refine oil का सेवन खाने मैं ना हो.
  2. उड़द और तुर की दाल खाने मैं ना खाए.
  3. आलू, कंदमूल सब्जिया, निम्बू, अंगूर, नारंगी इन फलो का सेवन न कीजिये.
  4. junk food, oily, मसालेदार, तीखा, मीठा, खट्टा, दारू, nonveg, पनीर इन चीजो का सेवन न कीजिये.

मुझे भी एसिडिटी की problem हुआ करती थी. जब मुझे कब्ज की problem हुआ करती थी तब. but, एक बात समज मैं आई गयी थी. saari problem digestion की है. मतलब, problem की जड़ खान पान से है. तब ही ये ख़राब पेट अच्छा होगा. अब पढ़ लीजिये कैसे मैंने मेरी एसिडिटी ना हों इसके लिए जीवन शैली मैं बदलाव किये.

  1. सुबह जल्दी उठकर गुनगुना पानी मैं निम्बू और शहद डालकर पीना.
  2. सुबह का ब्रेकफास्ट मैं ९ बजे पहले और उस में पहले कच्चे फलो का सेवन करता हूँ. जसी की काकडी, गाजर कभी कभी पपीता or अननस.
  3. healthy and heavy ब्रेकफास्ट जो प्रोटीन and nutriyans से भरा हो.
  4. दिन मई कम से कम चार से पाच लीटर पानी पिना.
  5. lunch मैं healthy और simple सा भोजन. उसमे घी और दही भी रहता है. और साथ मैं सालेड.
  6.  dinner ६ बजे से पहले. उस मैं फल और जूस रहता है. कभी कभी स्मूदी भी रहती है.
  7. खाने के बाद सौफ और दालचीनी का सेवन करता हूँ.
  8. रात मैं सोने से पहले मसाले दूध मैं त्रिफला चूर्ण का सेवन करता हूँ. जिससे दिन मै जो भी खाया है. ओ अच्छे तरह digest हो जाये.
  9. दातो को दोनों time ब्रश करता हूँ.
  10. एक अच्छी नींद लेता हूँ.
  11. बाहर का जंक फ़ूड १० दिन मैं एकबार खाता हूँ.

एसिडिटी होने पर योग और आसन ( Yoga and Asana in Acidity )

  1. प्राणायाम मैं भस्रिका, अनुलोम विलोम, कपलभारती.
  2. आसन मैं गोमिखासन, पवनमुक्तासन, सर्वांगासन.

इस तरह से आप एसिडिटी का युद्ध जीत सकते है. अगर आपको लगता है की, एसिडिटी का युद्ध बादमें कभी ना हो. हमारी life मैं तो मैंने जो diet plan दिया है. उसे जरुर follow कीजिये. आपका फर्क जरुर महसूस होगा. क्या करना चाहिए की टीम आपके समस्याओं का समाधानकरक उत्तर लाती रहेगी.    

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